Thursday, 16 March 2017

अन्याय और लडाई!

हर तरफ़ अन्‍याय और झूठ का ही बोलबाला हो तो क्‍या करें?
न्‍याय और सच्‍चाई के लिए लड़ो!
(किसके साथ लड़ें? मजदुर वर्ग, किसान, दलित, महिला, अल्पमत और बाकि सभी शोषित वर्ग!)
इस लड़ाई की दिशा, रास्‍ता या तरीक़ा ग़लत हो जाये तो?
तो फिर सोचो, अध्‍ययन करो, विचार-विमर्श करो और उसे ठीक करो।
इस लड़ाई में यदि हम पराजित हो जायें तो?
तो हार से सबक़ लो, तैयारी करो और फिर लड़ो।
फिर भी यदि नाक़ाम रहे तो?
फिर से तैयारी करो। फिर से लड़ाई छेड़ो।
और यदि ज़ि‍न्‍दगी की आखिरी साँस तक कामयाब न हो सके तो?
अगली पीढ़ी को लड़ाई जारी रखने के लिए कहकर वीरोचित आत्‍मगौरव के साथ ज़ि‍न्‍दगी को अलविदा कहो!

(By Kavita Krishnapallavi)

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